
गीता में कौन कौन है
शकुनि
गांधारी के भाई और दुर्योधन के मामा।
भगवद्गीता में शकुनि कौन हैं?
गांधारी के भाई और दुर्योधन के मामा। वे उस कारण-शृंखला का अंश हैं जो बताती है कि दोनों सेनाएँ कुरुक्षेत्र में केवल इसलिए नहीं आ खड़ी हुईं कि दो चचेरे भाइयों में आपस में वैर था।
हांसी गीता भवन ट्रस्ट · द गीता फ़ॉर लाइफ़
गीता में इनका महत्त्व क्यों है
वे उस कारण-शृंखला का अंश हैं जो बताती है कि दोनों सेनाएँ कुरुक्षेत्र में केवल इसलिए नहीं आ खड़ी हुईं कि दो चचेरे भाइयों में आपस में वैर था।
संबंध
गांधारी के भाई और दुर्योधन के मामा।
कुरुक्षेत्र से पहले
वे कुशल द्यूत-खिलाड़ी हैं और सभा पर्व के जुआ-प्रसंग के केंद्र में हैं। उनकी भूमिका नए पाठक को यह देखने में सहायता करती है कि कुरुक्षेत्र एक लंबी राजनीतिक शृंखला का अंत है, कोई अचानक उठा झगड़ा नहीं।
क्रम से पढ़ें
सभा पर्व का द्यूत-प्रसंग → वनवास → उद्योग पर्व की वार्ताएँ → अध्याय 1.
